Thursday 6th of August 2026

ब्रेकिंग

पूरे समाज की जिम्मेदारी: RSS प्रमुख मोहन भागवत

बैगपाइपर, रॉयल चैलेंज की बिक्री पर आखिर क्यों लगाई रोक ?

अध्यक्ष से मिले रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल , जाना स्वास्थ्य हाल

चीज़ और बटर पर पूरी तरह प्रतिबंध, नियम तोड़ने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

स्वास्थ्य मंत्री बोले- मिलावटखोरों को नहीं छोड़ेंगे

सुचना

Welcome to the The News India Live, for Advertisement call +91-9406217841, 9407998418

मंत्री राजवाड़े की संवेदनशील पहल : बाल देखरेख संस्थाओं के अनाथ : एवं निराश्रित बच्चों को कौशल, प्रशिक्षण और रोजगार से जोडऩे बैंकिंग और सामाजिक संस्थाओं का साझा प्रयास

Jagbhan Yadav

Thu, Aug 6, 2026

रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन की महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने बाल देखरेख संस्थाओं में निवासरत अनाथ एवं निराश्रित बच्चों के पुनर्वास, कौशल विकास और आत्मनिर्भर भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण राज्य स्तरीय पहल की है। इसी क्रम में उन्होंने अपने निवास कार्यालय में एक्सिस बैंक के भारत प्रमुख विजय तथा कैटलिस्ट फॉर सोशल एसोसिएशन की भारत प्रमुख सुश्री स्मिता रांधे से मुलाकात कर बच्चों को व्यावसायिक प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता और रोजगारोन्मुख अवसरों से जोडऩे के विषय पर विस्तृत चर्चा की।

बैठक में एक्सिस बैंक के सी.एस.आर. फंड के माध्यम से बाल देखरेख संस्थाओं में रहने वाले बच्चों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने, कौशल आधारित प्रशिक्षण देने तथा उन्हें रोजगार से जोडऩे के लिए ठोस सहयोग पर विचार-विमर्श किया गया। यह पहल बच्चों को केवल संरक्षण तक सीमित न रखकर उन्हें सम्मानजनक और आत्मनिर्भर जीवन की दिशा देने का प्रयास है। राजवाड़े ने कहा कि अनाथ और निराश्रित बच्चों को शिक्षा, कौशल और रोजगार से जोडऩा राज्य सरकार की प्राथमिकता है। हमारा प्रयास है कि बाल देखरेख संस्थाओं में रहने वाला प्रत्येक बच्चा आत्मविश्वास के साथ समाज की मुख्यधारा में आगे बढ़े। उन्होंने बताया कि लगभग एक वर्ष पूर्व सामुदायिक सहयोग से बाल संरक्षण एवं बाल देखरेख संस्थाओं में निवासरत बच्चों के सामाजिक पुनर्वास के लिए यह पहल प्रारंभ की गई थी। वर्तमान में प्रदेश के पांच जिलों में इसका सफल क्रियान्वयन किया जा चुका है। अब इसे विस्तार देते हुए राज्य के सभी जिलों में लागू करने की कार्ययोजना तैयार की जा रही है।
मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि राज्य सरकार, सामाजिक संस्थाओं, कॉरपोरेट क्षेत्र तथा औद्योगिक घरानों के सहयोग से बच्चों के समग्र विकास और प्रभावी पुनर्वास के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि बाल देखरेख संस्थाओं के बच्चों को कौशल विकास, डिजिटल प्रशिक्षण, रोजगार मार्गदर्शन और आत्मनिर्भर जीवन के अवसर उपलब्ध कराना समय की आवश्यकता है। इस अवसर पर एक्सिस बैंक के भारत सी.एस.आर. प्रभारी, क्षेत्रीय प्रबंधक, संस्था से संचालक दीपेश, राज्य प्रमुख  जिनेश तथा बैंक के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें