पीएम जनमन योजना : से जनजातीय परिवार को मिला पक्के घर का सपना
Fri, May 29, 2026
00 प्रमुख सचिव बोरा ने हितग्राही मुन्नीबाई को सौंपी आवास की चाबी
रायपुर।
प्रदेश शासन के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने बुधवार को लोरमी जनपद अंतर्गत ग्राम पंचायत अचानकमार के ग्राम शिवलखार पहुंचकर पीएम जनमन आवास योजना के हितग्राही परिवार से मुलाकात की और हितग्राही मुन्नीबाई को नए पक्के आवास की चाबी सौंपकर योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन का जायजा लिया। इस दौरान प्रमुख सचिव ने हितग्राही परिवार से आत्मीय संवाद करते हुए शासन की योजनाओं से मिल रहे लाभ की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जनमन योजना के माध्यम से विशेष रूप से जनजातीय एवं दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों में रहने वाले पात्र परिवारों को मूलभूत सुविधाओं से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। शासन की प्राथमिकता है कि प्रत्येक जरूरतमंद परिवार को सुरक्षित और सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराया जाए।
प्रमुख सचिव बोरा ने कहा कि पीएम जनमन योजना जनजातीय परिवारों के जीवन स्तर में व्यापक बदलाव लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी पात्र हितग्राहियों को समयबद्ध तरीके से योजनाओं का लाभ दिलाया जाए तथा निर्माण कार्यों की गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। हितग्राही मुन्नीबाई ने पक्का आवास मिलने पर खुशी जाहिर करते हुए शासन-प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पहले कच्चे मकान में बारिश और अन्य मौसम संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ता था, लेकिन अब नए पक्के घर से परिवार को सुरक्षा और सम्मान का एहसास हुआ है। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने पीएम जनमन योजना के अंतर्गत क्षेत्र में संचालित कार्यों और हितग्राहियों को दी जा रही सुविधाओं की जानकारी भी प्रमुख सचिव को दी। इस दौरान कलेक्टर कुन्दन कुमार, डीएफओ अभिनव कुमार, अतिरिक्त कलेक्टर निष्ठा पाण्डेय तिवारी, जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पाण्डेय, लोरमी एसडीएम अजीत पुजारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
कृषि विश्वविद्यालय : में अगले तीन दिनों तक बिखरी रहेगी आमों की बहार
Fri, May 29, 2026
राज्यपाल रमेन डेका कल तीन दिवसीय राष्ट्रीय आम महोत्सव का शुभांरभ करेंगे
शुभारंभ समारोह में मुख्यमंत्री, कृषि मंत्री, सांसद एवं विधायक होंगे शामिल
इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, संचालनालय उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी तथा प्रकृति की ओर सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित होगा राष्ट्रीय आम महोत्सव
रायपुर--
इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय परिसर में कल से अगले तीन दिनों तक आमों की बहार रहेगी और समूचा माहौल आममय रहेगा। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर तथा संचालनालय उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी, छत्तीसगढ़ शासन तथा प्रकृति की ओर सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में 29 से 31 मई, 2026 तक तीन दिवसीय राष्ट्रीय आम महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। कृषि महाविद्यालय परिसर में आयोजित राष्ट्रीय आम महोत्सव 2026 का शुभांरभ राज्यपाल रमेन डेका कल 29 मई को अपरान्ह 4 बजे करेंगे। उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय करेंगे। कृषि मंत्री रामविचार नेताम तथा रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल अति विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। रायपुर ग्रामीण विधायक श्री मोतीलाल साहू, धरसींवा विधायक अनुज शर्मा, छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम के अध्यक्ष चन्द्रहास चन्द्राकर, छत्तीसगढ़ राज्य कृषक कल्याण परिषद के अध्यक्ष सुरेश चंन्द्रवंशी तथा इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। राष्ट्रीय आम महोत्सव में आम की 250 से अधिक किस्मों का प्रदर्शन किया जायेगा। यहां आम की उन्नत किस्मों के पौधे तथा फल विक्रय हेतु आमजनों के लिए उपलब्ध रहेंगे।
’आम की देशी-विदेशी 250 से अधिक किस्में देखने को मिलेंगी’
राष्ट्रीय आम महोत्सव में 29 से 31 मई, 2026 तक विभिन्न श्रेणियों में प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा जिसमें किसानों द्वारा उत्पादित आम की व्यावसायिक किस्मों के अंतर्गत दशहरी, लंगडा, बाम्बे ग्रीन, चौसा, मालदा, हिमसागर, सुन्दरजा, केसर, अलफान्सो, तोतापरी, नीलम, बैगनफल्ली, पैरी, सिन्दूरी, फज़ली आदि किस्मों की प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। संकर किस्मों की प्रतियोगिता के अंतर्गत मल्लिका, आम्रपाली, पूसा अरूणिमा, अम्बिका, रत्ना, सिंधु, अर्का पुनीत किस्मों को शामिल किया गया है। विशिष्ट किस्मों की प्रतियोगिता के अंतर्गत हाथीझुल, नूरजहां, लड्डु, गुलाब खास किस्मों के उत्पादक भाग ले सकते हैं। एक्जोटिक (आयातित किस्म) की प्रतियोगिता में मियाजाकी, टॉमी एटकिन्स एवं गोल्डन नगेट्स किस्मों को शमिल किया गया है।
’राष्ट्रीय आम महोत्सव में आम पर केंद्रित विभिन्न प्रतियोगिताएं होंगी आयोजित’
आम महोत्सव में आम की विभिन्न किस्मों की प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही है जिसमें छत्तीसगढ़ एवं देश के विभिन्न राज्यों के आम उत्पादक शामिल होंगे। यहां छत्तीसगढ़ सहित देश के विभिन्न राज्यों से आए आम उत्पादक किसान उनके द्वारा उत्पादित आमों की विभिन्न किस्मों का प्रदर्शन करेंगे। इस अवसर पर आम से बने विभिन्न व्यंजनों की प्रतियोगिताएं भी आयोजित हैं। आम की सजावट प्रतियोगिता भी आयोजित की जा रही है जिसमें विद्यालयीन एवं महाविद्यालयीन विद्यार्थी, महिलाएं तथा अन्य सामान्यजन भी पंजीयन कर भागीदारी कर सकते है। इस महोत्सव में पंजीयन एवं प्रवेश पूर्णतया निःशुल्क है।
राष्ट्रीय आम महोत्सव में संस्थागत एवं व्यक्तिगत प्रतियोगी भी सहभागी हो सकते हैं। आम महोत्सव के दौरान आम पर केंद्रित मैंगो क्विज़ मैंगो, फैंसी ड्रेस आदि प्रतियोगिताएं भी अयोजित की जाएगी। इसके अलावा प्रतिदिन सांस्कृतिक संध्या का भी आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर आम से निर्मित उत्पादों की प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाएगा जिसमें प्रतिभागी आम से निर्मित उत्पाद - नेक्टर/आर.टी.एस., शर्बत, पना, आम के अचार, आम की चटनी, आम पापड़, आमरस, जैम एवं मिठाई आदि व्यंजनों के साथ प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय आम महोत्सव में प्रतिभागियों हेतु आम आधारित मॉडल एवं बोनसाई, आम आधरित सजावट प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर प्रकृति की ओर सोसायटी की ओर से आम की ग्यारह गुठलियाँ लाने वाले व्यक्तियों को एक उन्नत किस्म के आम का पौधा दिया जाएगा। प्रसिद्ध शेफ आकांक्षा रॉय आम के व्यंजन बनाना भी सिखाएंगी।
’आम उत्पादन, प्रसंस्करण तथा समस्या समाधान पर तकनीकी सत्र भी आयोजित होंगे’
आयोजन के प्रथम दिवस 29 मई को प्रातः 9 बजे से 12 बजे तक प्रविष्टियों का पंजीयन किया जाएगा। इसके पश्चात सामान्यजनों के लिए प्रदर्शनी अवलोकनार्थ तीनों दिन सायः 9 बजे तक खुली रहेगी। प्रदर्शनी में आम की विभिन्न किस्मों के फल, आम के विभिन्न उत्पाद एवं आम के पौधे भी विक्रय के लिए उपलब्ध रहेंगे। द्वितीय दिवस 30 मई को आम उगाने वाले कृषकों एवं जिज्ञासुओं के लिए 12 बजे से 4 बजे तक ‘‘आम उत्पादन समस्या एवं समाधान’’ विषय पर तकनीकी मार्गदर्शन एवं परिचर्चा का आयोजन किया गया है, जिसमें छत्तीसगढ़ में उच्च गुणवत्ता के आम की विभिन्न किस्मों का उत्पादन, आम के विभिन्न उत्पाद एवं उनके विपणन के साथ ही आम उत्पादन हेतु छत्तीसगढ़ शासन की योजनाओं की भी जानकारी प्रदान की जायेगी, जिससे नयी पीढ़ी के लोग आम उत्पादन की ओर आकृष्ट हो सकें । आम उत्पादन को पर्यावरण के संरक्षण के साथ एक स्वास्थ्यवर्धक व्यवसाय के रूप में अपनाने की जानकारी आम लोगों को प्रदान की जा जाएगी। तृतीय दिवस 31 मई को आम उत्पादक कृषकों एवं उद्यमियों की सफलता की कहानी उन्हीं की जुबानी 12 से 4 बजे तक आयोजित होगा।
राष्ट्रीय आम महोत्सव के अंतिम दिन प्रदर्शनी के अवलोकन के साथ ही प्रतिभागियों के लिए पुरस्कार वितरण एवं सम्मान समारोह का आयोजन भी किया जायेगा। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय फल ‘‘आम’’ जो कि आम जनता का प्रिय फल है उसकी समस्त सामान्य एवं खास किस्मों, विशिष्ट उत्पादों एवं भविष्य में अधिक उत्पादन के लिए रोजगार के साधनों की जानकारी नागरिकों, महिलाओं, विद्यार्थियों, नव उद्यमियों एवं कृषकों को प्रदान करना है।
राष्ट्रीय आम महोत्सव के अवसर पर आयोजित प्रतियोगिता में प्रतिभागी न्यूनतम 5 से 10 आम प्रति किस्म के साथ भाग ले सकते हैं। आम से बने विभिन्न व्यंजनों की प्रतियोगिता में न्यूनतम 250 ग्राम आम के उत्पाद के साथ पंजीयन कर इस प्रतियोगिता में शामिल हो सकते हैं। इस आयोजन में पंजीयन एवं प्रवेश निःशुल्क है। अतः इस अवसर का लाभ प्राप्त करने हेतु सहभागी बनें।
पर्यटन के जरिए नई पहचान गढ़ेगा छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
Fri, May 29, 2026
०-छत्तीसगढ़ की वास्तविक सुंदरता और सांस्कृतिक समृद्धि को दुनिया के सामने लाना हमारा उद्देश्य
०-हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश से युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बनेंगे : मुख्यमंत्री
०-मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल से पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को मिल रही नई गति
०-500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश के साथ छत्तीसगढ़ के पर्यटन क्षेत्र में नई संभावनाएं: हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर इंडियन
होटल्स कंपनी लिमिटेड ने दिखाई रुचि
रायपुर
--मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ अब देश के पर्यटन मानचित्र पर अपनी नई पहचान गढऩे की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने, निवेश अनुकूल नीतियों और राज्य सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति के कारण प्रदेश में पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं लगातार मजबूत हो रही हैं। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज अपने निवास कार्यालय में पर्यटन को बढ़ावा देने, पर्यटक सुविधाओं के विकास एवं विस्तार तथा हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में शामिल हुए। बैठक में देश की प्रतिष्ठित इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों सहित शासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बैठक में कहा कि छत्तीसगढ़ उत्तर से दक्षिण तक नैसर्गिक विरासत की अमूल्य धरा है, जहां नदियां, पहाड़, घने जंगल, जलप्रपात, समृद्ध आदिवासी संस्कृति और जनजातीय परंपराएं छत्तीसगढ़ को विशिष्ट पहचान प्रदान करती हैं।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य दुनिया को छत्तीसगढ़ की वास्तविक सुंदरता, सांस्कृतिक समृद्धि और प्राकृतिक विविधता से परिचित कराना है। उन्होंने कहा कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा दिए जाने से हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं तेजी से बढ़ी हैं और पर्यटकों के लिए बेहतर ठहराव, परिवहन तथा आधुनिक सुविधाओं के विकास के माध्यम से छत्तीसगढ़ को आकर्षक पर्यटन गंतव्य बनाया जा सकता है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राज्य में लगातार निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं और इसी क्रम में इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड द्वारा छत्तीसगढ़ में निवेश की इच्छा जताई गई है, जो प्रदेश के पर्यटन क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निवेश से पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर निर्मित होंगे।
बैठक के दौरान इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के समक्ष अपने निवेश प्रस्ताव के महत्वपूर्ण बिंदु साझा किए और बताया कि कंपनी छत्तीसगढ़ में हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में लगभग 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश की योजना पर कार्य कर रही है, जिसे शीघ्र आगे बढ़ाया जाएगा। कंपनी के प्रतिनिधियों ने कहा कि इस निवेश से प्रदेश में पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा।
वित्त मंत्री ओ पी चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया है तथा सभी आवश्यक अनुमतियों की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया गया है।
बैठक में यह भी बताया गया कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने के बाद हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश के रास्ते व्यापक रूप से खुले हैं। राज्य सरकार पर्यटन क्षेत्र को आधुनिक अधोसंरचना, उच्चस्तरीय सुविधाओं और निवेश प्रोत्साहन नीतियों के माध्यम से विकसित करने की दिशा में विशेष पहल कर रही है। प्रदेश की बेहतर मानसूनी परिस्थितियां, समृद्ध प्राकृतिक संपदा और निवेश अनुकूल नीति पर्यटन विकास के लिए मजबूत आधार तैयार कर रही हैं।
बैठक में उद्योग विभाग के अधिकारियों ने निवेश प्रोत्साहन नीति तथा उपलब्ध इंसेंटिव्स की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यदि कोई निवेशक 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश करता है अथवा 1000 से अधिक लोगों को रोजगार उपलब्ध कराता है, तो उसे 'बी-स्पोक पॉलिसीÓ के तहत अतिरिक्त प्रोत्साहन एवं विशेष लाभ प्रदान किए जाएंगे। साथ ही पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आधारभूत संरचना, सड़क संपर्क, आवासीय सुविधाओं तथा पर्यटक सेवाओं को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
बैठक में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा, मुख्य सचिव विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, वित्त सचिव डॉ. रोहित यादव, निवेश आयुक्त ऋतु सेन, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, उद्योग सचिव रजत कुमार, पर्यटन विभाग सचिव डॉ. एस. भारतीदासन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।