Sunday 10th of May 2026

ब्रेकिंग

सीएम साय ने दी शुभकामनाएं

रायपुर महिला जेल में वीडियो कॉलिंग सिस्टम का शुभारंभ

पीट-पीटकर किया लहूलुहान...इस वजह से दो लोगों ने दिया वारदात को अंजाम

युवक की लाश, हत्या या फिर….इलाके में सनसनी

खोलते ही उड़ गए सबके होश, फिर जो हुआ…

सुचना

Welcome to the The News India Live, for Advertisement call +91-9406217841, 9407998418

“पुतिन का भारत आगमन तय : रक्षा साझेदारी और ऊर्जा सहयोग पर बड़े निर्णयों की संभावनाएँ”

Jagbhan Yadav

Fri, Nov 28, 2025

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन 4 और 5 दिसंबर को दो दिवसीय भारत दौरे पर आ रहे हैं। यह यात्रा दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे सामरिक और आर्थिक संबंधों को नई मजबूती देने वाली मानी जा रही है। भारत के विदेश मंत्रालय ने इस यात्रा की पुष्टि कर दी है, जिसके बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी इस मुलाकात को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है।

यह भारतीय दौरा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि रूस-यूक्रेन संघर्ष शुरू होने के बाद यह पुतिन की पहली आधिकारिक भारत यात्रा है। ऐसे माहौल में यह मुलाकात ऊर्जा सुरक्षा, रक्षा सहयोग और बदलते वैश्विक समीकरणों की दिशा तय कर सकती है। पुतिन 23वीं भारत-रूस वार्षिक समिट में हिस्सा लेंगे, जिसकी मेजबानी इस बार भारत कर रहा है।

दोनों देशों के बीच रक्षा साझेदारी हमेशा से मजबूत रही है, और इस दौरे में S-400 मिसाइल सिस्टम की बाकी डिलीवरी, संयुक्त हथियार निर्माण तथा भविष्य की रक्षा परियोजनाओं पर चर्चा होने की उम्मीद है। भारत अपनी सैन्य क्षमताओं को मजबूत करने के लिए रूस को एक भरोसेमंद रक्षा साझेदार मानता है।

ऊर्जा सहयोग भी इस यात्रा का प्रमुख मुद्दा है। रूस वर्तमान में भारत के लिए कच्चे तेल का एक बड़ा सप्लायर है। ऐसे में दोनों देश तेल आपूर्ति की स्थिरता, दीर्घकालिक ऊर्जा समझौते और गैस परियोजनाओं पर भी बातचीत कर सकते हैं। वैश्विक ऊर्जा कीमतों में उतार-चढ़ाव को देखते हुए यह चर्चा बेहद प्रासंगिक है।

व्यापार के मोर्चे पर भी इस यात्रा से नई उम्मीदें हैं। भारत और रूस फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) को आगे बढ़ाने, भुगतान प्रणाली को आसान बनाने और लॉजिस्टिक्स कॉरिडोर को मजबूत करने जैसे मुद्दों पर गंभीर बातचीत कर सकते हैं। इससे आने वाले समय में दोनों देशों के बीच कारोबार में तेजी आ सकती है।

कुल मिलाकर, पुतिन का यह दौरा भारत-रूस संबंधों का एक नया अध्याय खोल सकता है। 4–5 दिसंबर की इस उच्चस्तरीय मुलाकात से रक्षा, ऊर्जा और व्यापार क्षेत्र में कई बड़े फैसले होने की उम्मीद है, जो आने वाले वर्षों में दोनों देशों की साझेदारी को और मजबूत दिशा देंगे।

Tags :

India, Russia, Vladimir Putin, Modi, Summit, Defence, Energy, Trade, Diplomacy, International Affairs

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें